किंग्स कॉलज, लंदन और यूनिवर्सिटी ऑफ एडिनबर्ग, स्कॉटलैंड के विद्यार्थियों से भेंट के अवसर पर भारत के राष्ट्रपति, श्री प्रणब मुखर्जी का अभिभाषण

• मुझे किंग्स कॉलेज,लंदन और यूनिवर्सिटी ऑफ एडिनबर्ग,स्कॉटलैंड के विद्यार्थियों और संकाय सदस्यों से मिलने के लिए इस शाम आपके बीच उपस्थित होकर वास्तव में प्रसन्नता हो रही है। भारत और यूनाइटेड किंग्डम,एक दीर्घ परम्परा और इतिहास तथा बहुआयामी संबंधों से जुड़े हुए हैं। आज शाम आपकी यहां उपस्थिति दोनों देशों के बीच सद्भावना और विश्वास की महत्वपूर्ण अभिव्यक्ति है।
देवियो और सज्जनो,
वियतनाम समाजवादी गणराज्य के महामहिम राष्ट्रपति चुअंग तन साँग द्वारा आयोजित राज-भोज के अवसर पर भारत के राष्ट्रपति का अभिभाषण

महामहिम, राष्ट्रपति चुअंग तन साँग,
विशिष्ट अतिथिगण,
चीन जनवादी गणराज्य के महामहिम राष्ट्रपति श्री शी चिन्पिंग के सम्मान में आयोजित राज-भोज के अवसर पर भारत के राष्ट्रपति का अभिभाषण

महामहिम, श्री शी चिन्पिंग,
चीन जनवादी गणराज्य के राष्ट्रपति,
महामहिमगण,
देवियो और सज्जनो,
मुझे आपका, श्रीमती पँग लियुआन और आपके शिष्टमंडल के विशिष्ट सदस्यों का आज की शाम राष्ट्रपति भवन में स्वागत करते हुए मुझे बहुत खुशी हो रही है।
आपकी, भारत की सरकारी यात्रा ऐसे समय में हो रही है जब भारत और चीन अपने द्विपक्षीय संबंधों के नए युग में प्रवेश के लिए उत्सुक हैं।
जवाहरलाल स्नातकोत्तर चिकित्सा शिक्षा एवं अनुसंधान संस्थान के स्वर्ण जयंती समारोहों के अवसर पर भारत के राष्ट्रपति, श्री प्रणब मुखर्जी का अभिभाषण

1. मुझे आज की दोपहर यहां अपने देश के एक सर्वोच्च चिकित्सा संस्थान,जवाहरलाल स्नातकोत्तर चिकित्सा शिक्षा एवं अनुसंधान संस्थान के स्वर्ण जयंती समारोहों के लिए उपस्थित होकर बहुत प्रसन्नता हो रही है। मैं आपको इस ऐतिहासिक समारोह में भाग लेने के लिए मुझे आमंत्रित करने के लिए धन्यवाद देता हूं।
11वीं मैट्रोपोलिस वर्ल्ड कांग्रेस - 2014 के समापन समारोह में भारत के राष्ट्रपति का अभिभाषण

मैं तेलंगाना सरकार द्वारा हैदराबाद में आयोजित किए जा रहे 11वीं मैट्रोपोलिस वर्ल्ड कांग्रेस 2014के समापन समारोह में भाग लेकर सम्मान का अनुभव कर रहा हूं। मैं समझता हूं कि यह नवगठित राज्य का प्रथम प्रमुख अंतरराष्ट्रीय सम्मेलन है। मैट्रोपोलिस वर्ल्ड कांग्रेस की बैठक तीन वर्ष में एक बार होती है और इसमें 136महानगरों के सर्वोत्तम शहरी प्रमुख प्रशासक,नगर प्रबंधक,पेशेवर, संगठन तथा नागरिक प्रतिनिधि अपने शहरों के वर्तमान मुद्दों पर विचार-विमर्श करने तथा जानकारी का आदान-प्रदान करने के लिए इकट्ठा होते हैं। पहली बार इस कांग्र
महामहिम नार्वे नरेश द्वारा आयोजित राज-भोज के अवसर पर भारत के माननीय राष्ट्रपति का अभिभाषण

महामहिम नार्वे नरेश हराल्द द फिफ्थ
माहामान्या महारानी सोन्या,
महामहिम युवराज और महामान्या युवराज्ञी,
महामहिमगण,
देवियो और सज्जनो,
कन्फेडेरेशन ऑफ नॉर्वेजियन एन्टरप्राइज द्वारा आयोजित व्यापार, विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी की संयुक्त संगोष्ठी के पूर्ण सत्र में भारत के राष्ट्रपति का अभिभाषण
महामहिम, नरेश,
विशिष्ट अतिथिगण,
देवियो और सज्जनो,
माननीय राष्ट्रपति का हेलसिंकी सिटी हॉल में संबोधन
महामहिमगण,
श्रीमती पुओस्कारी, सिटी काउंसिल की अध्यक्षा,
श्री युस्सी पायुनेन, हेलसिंकी के महापौर,
श्री तातु राऊहामाकी, सिटी बोर्ड के अध्यक्ष,और
विशिष्ट देवियो और सज्जनो,
आपके भावपूर्ण शब्दों के लिए मैं आपका धन्यवाद करता हूं।
मेडल ऑफ ऑनर ऑफ हेलसिंकी को प्राप्त करना मैं बड़े सम्मान की बात समझता हूं।
सर्वप्रथम, मैं हेलसिंकी सिटी काउंसिल द्वारा किए गए मेरे हार्दिक स्वागत के लिए आपको धन्यवाद देता हूं।


