फिलीस्तीन के महामहिम राष्ट्रपति, श्री महमूद अब्बास के सम्मान में आयोजित राजभोज में भारत के राष्ट्रपति, श्री प्रणब मुखर्जी का अभिभाषण
फिलीस्तीन के महामहिम राष्ट्रपति, महमूद अब्बास,
विशिष्ट अतिथिगण,
देवियो और सज्जनो,
मैं अत्यंत प्रसन्नता के साथ राष्ट्रपति महोदय आपका और आपके शिष्टमण्डल के विशिष्ट सदस्यों का हार्दिक स्वागत करता हूं।

मैं विशिष्ट दंत व्यवसायिकों, शैक्षिकों और अनुसंधान विद्वानों के बीच इस भव्य सभा में आकर ‘कलर एटलस ऑफ ओरल इम्प्लांटोलॉजी’और ‘कंजर्वेटिव डेंटीस्ट्री- बेसिक्स’दो पुरस्कों की प्रथम प्रतियां पाकर सचमुच बहुत प्रसन्न हूं। सर्वप्रथम मैं इन दोनों पुस्तकों के लेखकों डॉ. प्रफुल्ल बाली,डॉ. लंका महेश, डॉ. दिलिप बाली और डॉ.
1. इस सुप्रसिद्ध कॉलेज के दीक्षांत समारोह पर आपके बीच उपस्थित होना मेरे लिए सचमुच गौरवशाली सौभाग्य है। सर्वप्रथम मैं पाठ्यक्रम सफलतापूर्वक समाप्त करने के लिए सभी स्नातकों को बधाई देता हूं।
मुझे लक्ष्मीपत सिंघानिया—आईआईएम, लखनऊ राष्ट्रीय नेतृत्व पुरस्कार 2017 प्रदान करने के लिए इस अपराह्न आपके बीच उपस्थित होने पर प्रसन्नता हो रही है। मैं इस अवसर पर, तीन प्रमुख वर्गों व्यवसाय, विज्ञान और प्रौद्योगिकी तथा सामुदायिक सेवा और सामाजिक उत्थान में राष्ट्रीय नेतृत्व पुरस्कार आरंभ करने के लिए जेके संगठन तथा भारतीय प्रबंधन संस्थान, लखनऊ को बधाई देता हूं।
प्रतिष्ठित बसु संस्थान के समेकित कैम्पस के उद्घाटन के अवसर पर यहां उपस्थित होना वास्तव में मेरा सौभाग्य है। लगभग एक शताब्दी पूर्व, जे.सी. बसु ने देश सेवा के लिए वैज्ञानिक अनुसंधान के प्रति पूर्णत: समर्पित देश के अपनी तरह के प्रथम इस संस्थान को सौंपा था। उन्होंने एक महान घोषणा की थी, "मैं आज इस संस्थान को, जो न केवल एक प्रयोगशाला बल्कि एक मंदिर है, समर्पित करता हूं।"
1.
प्यारे देशवासियो,
प्रिय राज्यपालो और उपराज्यपालो,
1. मुझे परोपकारी उद्योगपति,बी.एम बिरला द्वारा1955में स्थापित तथा बाद में उनके सुपुत्र जी.पी.बिरला तथा अब श्री सी.के.बिरला द्वारा आगे बढ़ाए जा रहे बिरला प्रौद्योगिकी संस्थान मेसरा के हीरक जयंती समारोह तथा विशेषकर अपने पूर्व छात्रों के26वें दीक्षांत समारोह के आयोजन के दौरान इस प्रात: आपके बीच उपस्थित होकर प्रसन्नता हो रही है।
1. मेरे लिए इस प्रख्यात संस्थान के छठे स्थापना दिवस और तीसरे दीक्षांत समारोह पर भी आपके बीच होना सचमुच बड़ी प्रसन्नता की बात है। यह संस्थान जनवरी, 2010में स्थापित हुआ था और अपने समर्पित दल के साथ अल्पावधि में इसने देश के अग्रणी संस्थाओं में अपना स्थान बनाया है।