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सिंगापुर के प्रधानमंत्री ने राष्ट्रपति से मुलाकात की

राष्ट्रपति भवन : 04.09.2025

सिंगापुर गणराज्य के प्रधानमंत्री महामहिम श्री लॉरेंस वाँग ने आज 4 सितंबर, 2025 को राष्ट्रपति भवन में भारत की राष्ट्रपति, श्रीमती द्रौपदी मुर्मु से मुलाकात की।

राष्ट्रपति भवन में प्रधानमंत्री लॉरेंस वाँग का स्वागत करते हुए, राष्ट्रपति ने कहा कि भारत और सिंगापुर की साझेदारी एक-दूसरे के लिए महत्वपूर्ण है। सिंगापुर भारत की एक्ट ईस्ट नीति और हिंद-प्रशांत विजन का भी एक प्रमुख साझेदार है। राष्ट्रपति ने कहा कि यह वर्ष विशेष महत्व रखता है, क्योंकि इस वर्ष दोनों देशों के बीच राजनयिक संबंधों की स्थापना की 60वीं वर्षगांठ है। राष्ट्रपति थर्मन भी इस वर्ष जनवरी में भारत आए थे। सिंगापुर के विदेश मंत्री विवियन बालकृष्णन सहित छह वरिष्ठ मंत्री कुछ सप्ताह पहले दिल्ली में आयोजित तीसरी भारत-सिंगापुर मंत्रिस्तरीय गोलमेज बैठक में भाग लेने के लिए आए थे। उन्होंने इस बात पर भी प्रकाश डाला कि पिछले वर्ष प्रधानमंत्री मोदी की सिंगापुर यात्रा से भारत-सिंगापुर संबंध के बीच व्यापक कार्यनीतिक साझेदारी हुई है।

राष्ट्रपति को यह जानकर प्रसन्नता हुई कि प्रधानमंत्री लॉरेंस वाँग और प्रधानमंत्री मोदी ने आज संयुक्त रूप से इस साझेदारी को एक दिशा दी है, इससे हमारे मजबूत द्विपक्षीय सहयोग और इसके विस्तार का पता चलता है। उन्होंने कहा कि आज हुए द्विपक्षीय समझौतों से ग्रीन इकोनोमी, अंतरिक्ष, नागरिक विमानन, फिन- टेक और कौशल विकास जैसे नए और उभरते क्षेत्रों में दोनों देशों का सहयोग बढ़ेगा।

व्यापारिक और आर्थिक संबंधों पर बोलते हुए राष्ट्रपति ने कहा कि सिंगापुर भारत के लिए निवेश का एक प्रमुख स्रोत है और भारत में सिंगापुर का निवेश भी बढ़ रहा है। उन्होंने दोनों देशों के बीच बढ़ते रक्षा सहयोग और द्विपक्षीय सैन्य अभ्यास और प्रशिक्षण का भी उल्लेख किया। उन्होंने सिंगापुर में विशाल भारतीय प्रवासियों की महत्वपूर्ण भूमिका की भी प्रशंसा की जिन्होंने हमारे सांस्कृतिक संबंधों और लोगों के बीच आपसी आदान-प्रदान को बढ़ावा देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है।

दोनों नेताओं ने इस बात पर सहमति व्यक्त की कि उच्चतम राजनीतिक स्तरों पर नियमित रूप से होने वाली बातचीत भारत-सिंगापुर संबंधों को विशेष बनाती है। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि आगे भी भारत-सिंगापुर संबंधों में विस्तार होता रहेगा।

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